(नई दिल्ली)08जून,2026
देश के मौसम में बड़े बदलाव देखने को मिल रहे हैं। एक तरफ जहां दक्षिण-पश्चिम मानसून देश के पूर्वी हिस्सों में आगे बढ़ रहा है, वहीं उत्तर और मध्य भारत के राज्यों में बारिश, तेज आंधी और लू का मिला-जुला असर देखने को मिलेगा।
मानसून की चाल: किन राज्यों में पहुंचा
रिपोर्ट के अनुसार, दक्षिण-पश्चिम मानसून बंगाल की खाड़ी के कई हिस्सों और पूर्वोत्तर भारत में आगे बढ़ चुका है। मौसम विभाग का कहना है कि परिस्थितियां अनुकूल हैं और अगले 3 से 4 दिनों में मानसून महाराष्ट्र, कर्नाटक, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश, छत्तीसगढ़ और ओडिशा के कुछ और हिस्सों में पहुंच सकता है।
आंधी और बारिश का अलर्ट:
हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, पंजाब, हरियाणा और दिल्ली में 8 से 13 जून के बीच अलग-अलग जगहों पर गरज के साथ छिटपुट बारिश होने की संभावना है।
मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, बिहार और झारखंड में भी 8 से 13 जून के बीच तेज हवाओं (40-60 किमी प्रति घंटे) और बिजली कड़कने के साथ बारिश का अनुमान है। राजस्थान में भी 7 से 10 जून के बीच आंधी और बारिश की संभावना जताई गई है।
इन राज्यों में जारी रहेगा लू का दौर:
बारिश और आंधी के अलर्ट के बीच, उत्तर और मध्य भारत के कई हिस्सों में भीषण गर्मी का दौर भी जारी रहेगा। मौसम विभाग के अनुसार, उत्तर-पश्चिम भारत में 10 जून तक तापमान में 2 से 3 डिग्री की बढ़ोतरी होगी। लू (हीटवेव) को लेकर जारी अलर्ट के अनुसार पूर्वी और पश्चिमी उत्तर प्रदेश, हरियाणा, दिल्ली, पंजाब और पश्चिमी राजस्थान के कई हिस्सों में 8 से 11 जून के बीच लू चलने की संभावना है। 10 जून के बाद तापमान में 2 से 4 डिग्री की गिरावट आ सकती है, जिससे कुछ राहत मिलेगी।
तेज आंधी और बिजली चमकने के दौरान लोग पक्के घरों के अंदर रहें। पेड़ों के नीचे खड़े न हों और बिजली के उपकरणों के प्लग निकाल दें। जलभराव वाले इलाकों से दूर रहें। गर्मी और लू से बचने के लिए धूप में ज्यादा मेहनत वाले काम करने से बचें। पर्याप्त मात्रा में पानी पिएं, भले ही प्यास न लगी हो। ओआरएस (ORS), लस्सी, छाछ और नींबू पानी का इस्तेमाल करें।
खेतों में पानी जमा न होने दें। कटी हुई फसलों को आंधी और बारिश से बचाने के लिए सुरक्षित जगह पर रखें या तिरपाल से अच्छी तरह ढक दें। तेज हवाओं से बचाव के लिए खेतों में लगी सब्जियों और फलों के पौधों को सहारा (स्टेकिंग) दें।(साभार एजेंसी)
