(लखनऊ,UP)13जून,2026.
मौसम विभाग के अनुसार, जून 2026 में अल नीनो सक्रिय हो चुका है और आने वाले दिनों में मानसून के दौरान इसके और मजबूत होने की संभावना है।
दक्षिण-पश्चिम मानसून (जून–सितंबर) के दौरान अल नीनो मध्यम से मजबूत स्तर तक पहुंच सकता है। हिंद महासागर द्विध्रुव (आईओडी) सामान्य बना रहेगा। इसलिए इस वर्ष मानसून पर अल नीनो का प्रभाव देखने को मिल सकता है और वर्षा सामान्य से कम रहने का जोखिम भी बढ़ गया है। अल नीनो तब होता है जब प्रशांत महासागर के मध्य और पूर्वी हिस्से का समुद्री पानी सामान्य से अधिक गर्म हो जाता है। इससे दुनिया भर के मौसम पर असर पड़ता है और भारत में अक्सर मानसून कमजोर पड़ जाता है। अल नीनो आमतौर पर भारत में वर्षा को कम कर सकता है। हालांकि केवल अल नीनो के आधार पर मानसून का अंतिम अनुमान नहीं लगाया जा सकता। जून 2026 में समुद्र का तापमान अल नीनो की सीमा से ऊपर पहुंच गया, इसलिए अब अल नीनो की स्थिति घोषित की गई है(साभार एजेंसी)
