(लखनऊ UP)27मई,2025.
चीन की दिग्गज फुटवियर कंपनियां यूपी में निवेश करेंगी। चर्म निर्यात परिषद (सीएलई) के प्रतिनिधियों और राज्य सरकार की तरफ से प्रमुख सचिव एमएसएमई, अवस्थापना व औद्योगिक विकास आलोक कुमार के छह दिवसीय चीन दौरे में सात कंपनियों ने करीब 2500 करोड़ के निवेश का प्रस्ताव दिया है।
ये निवेश कानपुर और आगरा में प्रस्तावित दो फुटवियर पार्क के लिए है। इससे 10 लाख लोगों को रोजगार मिलने का अनुमान है। अब सारा दारोमदार भारत सरकार की वीजा नीति पर है। जिस पर अगले महीने बैठक प्रस्तावित है। आलोक कुमार के नेतृत्व में सीएलई के चेयरमैन आरके जालान के साथ लेदर कारोबारियों ने चीन के फुजियांग प्रांत में 1532 एकड़ में फैली जिनजियांग इंटरनेशनल शूज एंड टेक्सटाइल सिटी का दौरा किया। यहां से टीम ने दक्षिण पूर्व एशिया के गुआंगजौ फुटवियर फेयर में हिस्सा लिया।
यहां नाइकी, प्यूमा, क्रॉक्स जैसे ब्रांड बनाने वाले ताइवान के एवरवान समूह ने यूपी की फुटवियर नीति को देख 1000 करोड़ निवेश की इच्छा जताई। चीन में फुटवियर व सामग्री संघ के अध्यक्ष लुई सुइलोंग ने संपूर्ण फुटवियर ईको सिस्टम स्थापित करने का ऑफर दिया।
2500 करोड़ का निवेश करेंगी ये कंपनियां:
लियू सुइलोंग, अध्यक्ष, एसोसिएशन ऑफ ग्वांगडोग शू मैन्युफैक्चर्स
एलेक्स कै, तियानफू: विशेष वस्त्र सामग्री
डिंग चिंग खी: जूते का सोल, अपर और डिजाइनों के लिए मोल्ड
यिहुआंग डिंग (फुजियान याओक्सिंग टेक्सटाइल कंपनी लिमिटेड) : तकनीकी वस्त्र
वस्त्र होंग जी जियान (बेयॉन्ग) : फुटवियर और टेक्सटाइल सिलाई मशीनें
झोंगताई ( मशीनरी उपकरण कंपनी ): फुटवियर मशीनरी
निवेश के लिए वीजा का मुद्दा भी उठा:
चीन के निवेशकों ने वीजा का मुद्दा उठाते हुए कहा कि भारत में निवेश के लिए हमें प्राथमिकता पर वीजा देने की सुविधा मिले। इस पर कहा गया कि विनिर्माण सुविधाओं में रुचि रखने वाले चीनी निवेशकों को शुरू में अल्पावधि और बाद में छह माह के लिए स्वचालित मार्ग से वीजा पर विचार किया जा सकता है। इस पर छह अन्य निवेशकों ने अगले डेढ़ वर्ष में ही करीब 1500 करोड़ रुपये निवेश की इच्छा जताई।(साभार एजेंसी)
