(लखनऊ,UP)22नवंबर,2025.
लखनऊ शहर में स्मार्ट सिटी योजना के तहत लगाए गए करीब 100 हेल्थ एटीएम अब ठेके पर दिए जाएंगे। अभी इनका संचालन एसजी पीजीआई कर रहा है। अब सभी हेल्थ एटीएम निजी कंपनी को दिए जाएंगे। इसके लिए स्मार्ट सिटी कंपनी ने प्रक्रिया भी शुरू कर दी है।
ठेके पर संचालन को लेकर जो नीति बनाई गई है, जो कंपनी हेल्थ एटीएम का संचालन करेगी, वहीं उनका रखरखाव भी करेगी। अभी जो व्यवस्था है उसमें संचालन तो एसजी पीजीआई करता है, मगर रखरखाव स्मार्ट सिटी कंपनी को करना पड़ता है। ऐसे में कई बार मरम्मत को लेकर कागजी कार्रवाई के चक्कर में अनावश्य देरी होती है। अब नई व्यवस्था बनने से इनके संचालन में सुधार की उम्मीद जताई जा रही है।
चार साल पहले लगे थे ये एटीएम:
शहर में हेल्थ एटीएम करीब चार साल पहले लगाए थे, लेकिन अब तक ये विधिवत रूप से चल नहीं पाए हैं। इससे शहरवासियों को पूरा फायदा नहीं मिल पा रहा है। स्मार्ट सिटी कंपनी को रुपये भी अधिक खर्च करने पड़ रहे हैं।
हेल्थ एटीएम पर होती है ये जांच:
बेसिक जांच (हेल्थ स्कोर) : ऊंचाई, वजन, बीएमआई, बीएमआर, हाईड्रेशन, बाॅडीमास, मसल्स, क्वालिटी स्कोर, शरीर में वसा का अनुपात, बोन मास, मेटाबालिक एज, मसल मास, डायस्टोलिक बीपी, सिस्टोलिक बीपी, पल्स रेट, शरीर में आक्सीजन की मात्रा व तापमान।
रैपिड डायग्नोस्टिक जांच : हृदय जांच, ईसीजी, लिपिड प्रोफाइल, कोलेस्ट्राल, लिपोप्रोटीन, ट्राइग्लिसराइड, टाइफाइड, गर्भावस्था जांच डेंगू, मलेरिया, यूरिन पैरामीटर, शुगर लेवल
इसलिए बनाई गई ठेके पर देने की योजना:
स्मार्ट सिटी कंपनी के महाप्रबंधक एके सिंह कहते हैं कि हेल्थ एटीएम का संचालन बेहतर हो, इसके लिए निजी कंपनी को संचालन देने की योजना बनाई गई है। जो कंपनी चलाएगी, वही अपना पैरामेडिकल स्टाफ भी रखेगी। संचालन के लिए अपने कर्मचारी लगाएगी और खराबी आने पर उसे अपने खर्च पर ठीक भी कराएगी। एक तरह से हेल्थ एटीएम को आत्मनिर्भर बनाया जाएगा, ताकि इसके संचालन पर जो खर्च आए, वह उससे होनी वाली आय से निकल जाए।
ये हैं जांच की दरें
जांच का नाम दर (रुपये में):
शुगर 30
हीमोग्लोबिन 30
लिपिड प्रोफाइल 200
यूरिन 50
एचआईवी 50
प्रेगनेंसी टेस्ट 30
डेंगू 50
मलेरिया 50
ईसीजी 50
थाॅयराइड 50
(साभार एजेंसी)
