(चंडीगढ़,हरियाणा)04जून,2026
हरियाणा सरकार ने मत्स्य पालन विभाग की अनुदान से संबंधित 11 नई योजनाओं को सेवा का अधिकार अधिनियम-2014 के दायरे में शामिल किया है। अब लाभार्थियों को इन योजनाओं से संबंधित सेवाओं का लाभ 40 से 50 दिनों के अंदर मिलेगा।
मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी की ओर से जारी अधिसूचना के अनुसार सघन मत्स्य पालन विकास कार्यक्रम के तहत ऑटो, चार पहिया अथवा मिनी ट्रैक्टर-ट्रॉली से संबंधित अनुदान की योजना का लाभ 40 दिनों के अंदर देने की समय सीमा निर्धारित की गई है।
प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना के तहत जेनेटिक सुधार कार्यक्रम एवं न्यूक्लियस ब्रीडिंग सेंटर (एनबीसी) की स्थापना, नवाचार एवं अभिनव गतिविधियों, स्टार्टअप, इनक्यूबेटर और पायलट परियोजनाओं के अनुदान के लिए 50 दिनों की समय सीमा तय की गई है। प्रशिक्षण, जागरूकता, अनुभव, क्षमता निर्माण कार्यक्रमों पर अनुदान के लिए भी 50 दिनों की अवधि तय की है। एकीकृत सजावटी (ओर्नामेंटल) फिश यूनिट की स्थापना, ताजे पानी के सजावटी मछली ब्रूड बैंक की स्थापना, मनोरंजक मत्स्य पालन को बढ़ावे से संबंधित योजनाओं का लाभ भी 50 दिनों के अंदर ही मिलेगा।
मत्स्य उत्पादों के विपणन और मूल्य संवर्धन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से मछली एवं मत्स्य उत्पादों की ई-ट्रेडिंग एवं ई-मार्केटिंग के लिए ई-प्लेटफॉर्म पर सब्सिडी, कोल्ड स्टोरेज एवं आइस प्लांट के आधुनिकीकरण पर सब्सिडी, मछली मूल्य वर्धित उद्यम इकाइयों की स्थापना पर अनुदान, विस्तार एवं सहायता सेवाओं के लिए अनुदान योजनाओं का लाभ 50 दिनों में मिलेगा। अधिसूचना के अनुसार इन सभी सेवाओं के लिए संबंधित जिला मत्स्य अधिकारी नामित अधिकारी होंगे जबकि उप निदेशक मत्स्य प्रथम शिकायत निवारण प्राधिकारी और निदेशक मत्स्य द्वितीय शिकायत निवारण प्राधिकारी के रूप में कार्य करेंगे।(साभार एजेंसी)
