(चंडीगढ़,पंजाब)11जून,2026.
पंजाब में भाजपा एक नए सियासी संग्राम में फंस गई है। महाराष्ट्र सरकार के मंत्री गिरीश महाजन के भिंडरावाले के शहीदी समागम में शामिल होने और वहां दिए गए बयानों से उपजा विवाद अब केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह तक पहुंच गया है। पार्टी नेतृत्व की ओर से महाजन के बयानों से दूरी बनाए जाने के बाद पंजाब भाजपा ने भी राहत की सांस ली है।
ऑपरेशन ब्लू स्टार को बताया था काला दिन
दरअसल जून 2026 में अमृतसर के मेहता चौक स्थित दमदमी टकसाल मुख्यालय में आयोजित समागम में शामिल होकर गिरीश महाजन किसी राज्य सरकार के पहले मंत्री बने जिन्होंने इस कार्यक्रम में उपस्थिति दर्ज कराई। मंच से उन्होंने ऑपरेशन ब्लू स्टार को काला दिन और आक्रमण बताते हुए इसकी तुलना अहमद शाह अब्दाली के हमले से की थी। कार्रवाई में मारे गए लोगों को शहीद कहे जाने संबंधी उनकी टिप्पणी ने भी विवाद खड़ा कर दिया।
महाराष्ट्र में कांग्रेस और शिवसेना (उद्धव ठाकरे गुट) ने भाजपा पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि पार्टी राजनीतिक लाभ के लिए सेना के बलिदान और राष्ट्रीय संप्रभुता जैसे मुद्दों पर दोहरा रवैया अपना रही है।
प्रदेश नेतृत्व था असहज
विवाद बढ़ने के बाद केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की ओर से स्पष्ट किया गया कि गिरीश महाजन के बयान उनके निजी विचार हो सकते हैं लेकिन यह भाजपा या सरकार का आधिकारिक रुख नहीं है।
पंजाब भाजपा के सूत्रों के अनुसार महाजन की टिप्पणियों से प्रदेश नेतृत्व असहज था।
पार्टी लंबे समय से राष्ट्रवाद, राष्ट्रीय एकता और आतंकवाद के खिलाफ सख्त रुख को अपनी विचारधारा का अहम हिस्सा मानती रही है। ऐसे में शीर्ष नेतृत्व की ओर से तत्काल दूरी बनाए जाने के बाद प्रदेश इकाई ने राहत महसूस की है।
प्रदेश भाजपा उपाध्यक्ष राकेश राठौर ने कहा कि पूरे प्रकरण की जानकारी पार्टी हाईकमान को दे दी गई थी।(साभार एजेंसी)
