(चंडीगढ़,पंजाब)01जून,2026.
पंजाब में निवेश को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए मुख्यमंत्री श्री भगवंत सिंह मान ने हिंदुस्तान पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड (एचपीसीएल) के बड़े निवेश को सुनिश्चित किया है। ऊर्जा क्षेत्र की इस प्रमुख कंपनी ने रिफाइनरी, बायोफ्यूल और बायोगैस क्षेत्रों में निवेश के माध्यम से राज्य में अपने कामकाज का विस्तार करने की योजना की घोषणा की है।
एचपीसीएल के चेयरमैन विकास कौशल के साथ हुई बैठक में मुख्यमंत्री ने पंजाब के मजबूत बुनियादी ढांचे, रणनीतिक भौगोलिक स्थिति, निवेशक-अनुकूल नीतियों और पारदर्शी शासन व्यवस्था को राज्य की प्रमुख विशेषताओं के रूप में प्रस्तुत किया। उन्होंने कहा कि इन विशेषताओं ने पंजाब को उत्तरी भारत के सबसे आकर्षक निवेश केंद्रों में शामिल कर दिया है।
बैठक के दौरान एचपीसीएल-मित्तल एनर्जी लिमिटेड ने भी पंजाब में अपने कामकाज के और विस्तार का ऐलान किया। कंपनी की विस्तार योजनाओं में बायोफ्यूल और बायोगैस परियोजनाएं शामिल हैं। इन परियोजनाओं से रोजगार के अवसर सृजित होने, ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलने, औद्योगिक विकास को गति मिलने और कृषि अवशेषों के प्रबंधन के लिए टिकाऊ समाधान विकसित होने की उम्मीद जताई गई है।
मुख्यमंत्री श्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि पंजाब की भौगोलिक स्थिति, राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) और प्रमुख बंदरगाहों से बेहतर संपर्क, मजबूत औद्योगिक क्लस्टर, निर्बाध मानक बिजली आपूर्ति, कुशल मानव संसाधन और अग्रणी नीतियां राज्य को निवेशकों के लिए एक पसंदीदा गंतव्य बनाती हैं।
उन्होंने प्रतिनिधिमंडल को राज्य में किए गए प्रशासनिक और नियामक सुधारों की भी जानकारी दी।
मुख्यमंत्री ने बताया कि ‘फास्ट ट्रैक पंजाब’ सिंगल विंडो सिस्टम के माध्यम से 173 से अधिक सरकारी-से-व्यापार (जी2बी) सेवाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। इसके अलावा ऑटो-डीम्ड मंजूरी, पैन आधारित व्यापारिक पहचानकर्ता तथा पंजाब राइट टू बिजनेस एक्ट में संशोधन जैसे कदम निवेश प्रक्रिया को सरल और समयबद्ध बना रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब सरकार का उद्देश्य नीतियों में स्थिरता, निर्णय लेने में तेजी और निवेशकों के समय एवं भरोसे का सम्मान करने वाली शासन व्यवस्था उपलब्ध कराना है। उन्होंने दोहराया कि राज्य सरकार निवेश को प्रोत्साहित करने और उद्योगों के लिए अनुकूल माहौल तैयार करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
भगवंत सिंह मान ने कहा कि एचपीसीएल द्वारा रिफाइनरी और बायोगैस जैसे प्रमुख क्षेत्रों में निवेश की इच्छा राज्य के लिए उत्साहजनक है। उनके अनुसार ये निवेश आर्थिक गतिविधियों को गति देने के साथ-साथ पंजाब के युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर भी पैदा करेंगे।
मुख्यमंत्री ने बताया कि एचपीसीएल-मित्तल एनर्जी लिमिटेड बठिंडा में 2जी तकनीक के माध्यम से अपने कामकाज का और विस्तार कर रही है। उन्होंने कहा कि यह पहल कृषि अवशेषों से मूल्यवान उत्पाद तैयार कर बायोफ्यूल क्षेत्र को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण साबित हो सकती है। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि कंपनी पंजाब में दस बायोगैस संयंत्र स्थापित करने की प्रक्रिया में है, जिनमें से पांच पहले ही शुरू हो चुके हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि ये बायोगैस परियोजनाएं कृषि अवशेषों के प्रभावी प्रबंधन में मददगार होंगी, जिससे पर्यावरणीय चिंताओं को कम करने के साथ किसानों को भी लाभ मिलेगा। उन्होंने एचपीसीएल के प्रतिनिधिमंडल को पूर्ण सहयोग का भरोसा देते हुए कहा कि पंजाब सरकार राज्य में निवेश और औद्योगिक विस्तार को बढ़ावा देने के लिए प्रतिबद्ध है।(साभार एजेंसी)
