(गोरखपुर,UP)27दिसंबर,2025.
गोरखपुर में सौ साल तक उपेक्षा का दंश झेलने वाले वनटांगिया गांव जंगल तिकोनिया नंबर तीन में सारी बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध हो रही हैं। यह गांव अब प्रदेश का पहला और देश का दूसरा जल अर्पण गांव बन गया है। देश का पहला जल अर्पण गांव मध्य प्रदेश के राजगढ़ जिले का कुंडीबेह है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ हर साल इस गांव में दिवाली मनाने जाते हैं। इसका आधिकारिक शुभारंभ शुक्रवार (26 दिसंबर) को जल अर्पण कार्यक्रम मनाने के साथ हो गया।
सीएम योगी प्रतिवर्ष दीपावली मनाने के लिए इस गांव में जाते हैं। जल जीवन मिशन के अंतर्गत वनटांगिया गांव जंगल तिकोनिया नंबर तीन राज्य का ऐसा पहला गांव बन गया है जहां प्रत्येक घर में चौबीस घंटे नल से जल की आपूर्ति हो रही है। इस कारण इस गांव को जल अर्पण गांव का नाम दिया जा रहा है। जल निगम ग्रामीण की तरफ से शत प्रतिशत घरों में नल से जलापूर्ति का ट्रायल तीन महीने से चल रहा था। ट्रायल की सफलता के बाद शुक्रवार को जल अर्पण कार्यक्रम का आयोजन कर पाइप्ड वाटर सप्लाई के संचालन की व्यवस्था ग्राम पंचायत को सौंप दी जाएगी।
मुख्य अतिथि के रूप में सांसद रविकिशन शुक्ला मौजूद रहे। अगले दस वर्षों तक यहां की पेयजल परियोजना का रखरखाव, क्वालिटी मॉनिटरिंग कार्यदायी संस्था के जिम्मे होगी। गोरखपुर के मुख्य विकास अधिकारी शाश्वत त्रिपुरारी के अनुसार जंगल तिकोनिया नंबर तीन में ग्रामीणों को निर्बाध जलापूर्ति मिलेगी।
योगी सरकार ने किया, वनटांगिया गांव का कायाकल्प:
मुख्यमंत्री ने वनटांगिया गांव जंगल तिनकोनिया नंबर तीन का न सिर्फ कायाकल्प कराया बल्कि यहां के लोगों का राजस्व अभिलेख में नागरिक का दर्जा हासिल कराया। इस गांव को अब अति विशिष्ट गांव के रूप में जाना जाता है। योगी यहां वर्ष 2009 से ही बतौर सांसद यहां दीपावली मनाते हैं और मुख्यमंत्री बनने के बाद भी अपनी परंपरा का निर्वहन कर रहे हैं। बतौर सांसद योगी आदित्यनाथ लोकसभा में वनटांगिया अधिकारों के लिए लड़कर 2010 में अपने स्थान पर बने रहने का अधिकार पत्र दिलाया। 2017 में मुख्यमंत्री बने तो वनटांगिया गांवों को राजस्व ग्राम का दर्जा देकर उन्हें शासन प्रदत्त सभी सुविधाओं का हकदार बना दिया। उन्होंने वनटांगिया गांवों को आवास, सड़क, बिजली, पानी, स्कूल, जैसे संसाधनों के साथ ही यहां रहने वालों को जनहित की सभी योजनाओं से आच्छादित कर दिया है।(साभार एजेंसी)
