(चंडीगढ़,पंजाब)03मई,2026.
रविवार की छुट्टी का आगाज सामान्य उजाले के साथ नहीं, बल्कि काले घने बादलों के पहरे के साथ हुई। आसमान में उमड़े बादलों ने ऐसा डेरा डाला कि सुबह के वक्त ही रात जैसा नजारा बन गया। सड़कों पर गाड़ियों को हेडलाइट्स जलाकर चलना पड़ा। 50 किमी/घंटा की रफ्तार से चलीं हवाएं मौसम ने अचानक करवट ली और देखते ही देखते करीब 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज तूफानी हवाएं चलने लगीं। बादलों की कड़कड़ाहट और बिजली की चमक के बीच शुरू हुई मूसलाधार बारिश ने लोगों को घरों में कैद होने पर मजबूर कर दिया।
धराशायी हुए पेड़, थमी शहर की रफ्तार
तूफान का असर शहर के बुनियादी ढांचे पर भी देखने को मिला। हवाओं का वेग इतना तेज था कि शहर के कई इलाकों में पुराने और भारी-भरकम पेड़ जड़ से उखड़कर सड़कों पर आ गिरे। इसके चलते कई मुख्य मार्गों पर लंबा जाम लग गया और यातायात व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई।
हालात यह हो गए कि…सड़कों पर सन्नाटा:
दिन के उजाले में घुप अंधेरा होने और लगातार बारिश से लोग घरों से बाहर निकलने की हिम्मत नहीं जुटा पाए।बिजली गुल: पेड़ गिरने और तेज हवाओं के कारण शहर के कई सेक्टरों में घंटों तक बिजली गुल रही।जलभराव की स्थिति: लगातार हुई तेज बारिश से शहर के निचले इलाकों में पानी भर गया, जिससे राहगीरों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ा(साभार एजेंसी)
