(चंडीगढ़,हरियाणा)15मई,2026.
मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने कहा है कि हरियाणा राज्य में कामकाजी महिलाओं को सरकार और अधिक सुविधाएं देंगी। प्रत्येक जिले में वर्किंग वूमेन हाॅस्टल व कामकाजी महिलाओं के बच्चों के लिए क्रेच सेंटर खोले जाएंगे। हरियाणा में लिंगानुपात की दर को राष्ट्रीय औसत 933 से भी अधिक करने के लक्ष्य पर काम होगा।
मुख्यमंत्री सैनी हरियाणा विजन-2047 के तहत महिला एवं बाल विकास विभाग की आगामी 5 वर्षीय कार्ययोजना की समीक्षा कर रहे थे। मुख्यमंत्री ने बैठक में सुझाव दिया कि हर बच्चा अपनी आयु के अनुरूप शारीरिक व मानसिक माइलस्टोन कवर कर रहा है या नहीं, यह जांचा जाए। विभाग बच्चों के लिए विविध गतिविधियां शुरू करवाए।
महिलाओं व बच्चों की एनीमिया जांच का लक्ष्य बढ़ाने और जरूरत के अनुसार सप्लीमेंट्स उपलब्ध करवाने के भी निर्देश दिए। उन्होंने 3 साल तक के बच्चों व स्तनपान करवाने वाली महिलाओं को विशेष पोषण सामग्री प्रदान करने के संबंध में भी निर्देश दिए।
सीएम ने कहा कि विभाग अगले 5 साल की अपनी कार्ययोजना इसी तथ्य को ध्यान में रखकर तैयार करे। इसके साथ ही जिलेवार वूमेन एम्पावर इंडेक्स बनाया जाए ताकि पता लग सके कि किस जिले में महिलाओं के लिए सुविधाएं बढ़ाने की आवश्यकता है।
विभाग के आयुक्त एवं सचिव शेखर विद्यार्थी ने बताया कि इस समय प्रदेश में 25 हजार 962 आंगनबाड़ी केंद्र संचालित किए जा रहे हैं। आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को महिलाओं व बच्चों से संबंधित कई प्रकार का विवरण ऑनलाइन दर्ज करना होता है इसलिए इनकी योग्यता को बढ़ाने और आवश्यक उपकरण उपलब्ध करवाने के लिए विभाग प्रस्ताव तैयार कर रहा है।(साभार एजेंसी)
